


गैस्ट्रेक्टैसिस को समझना: कारण, लक्षण और उपचार के विकल्प
गैस्ट्रेक्टैसिस एक ऐसी स्थिति है जहां पेट बड़ा या फूला हुआ हो जाता है। यह कई कारणों से हो सकता है, जैसे:
1. गैस्ट्रोएसोफेगल रिफ्लक्स रोग (जीईआरडी): जीईआरडी के कारण पेट बड़ा हो सकता है क्योंकि अन्नप्रणाली से एसिड वापस पेट में प्रवाहित होता है, जिससे सूजन और सूजन हो जाती है।
2. पेट का कैंसर: पेट में कैंसर बढ़ने और फैलने के कारण पेट बड़ा हो सकता है।
3. पेप्टिक अल्सर: पेट या छोटी आंत में अल्सर के कारण पेट में जलन और सूजन हो सकती है।
4. गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल संक्रमण: गैस्ट्रोएंटेराइटिस जैसे संक्रमण से पेट में जलन और सूजन हो सकती है।
5. मोटापा: पेट की गुहा में अतिरिक्त वसा पेट पर दबाव डाल सकती है, जिससे यह बड़ा हो सकता है।
6. जलोदर: हृदय विफलता, यकृत रोग या अन्य स्थितियों के कारण पेट की गुहा में तरल पदार्थ जमा होने से पेट बड़ा हो सकता है।
7. गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल रुकावट: पाचन तंत्र में रुकावट, जैसे आंत्र रुकावट या हर्निया, पेट के बढ़ने का कारण बन सकता है।
8. सूजन संबंधी स्थितियां: क्रोहन रोग और अल्सरेटिव कोलाइटिस जैसी स्थितियां पेट में जलन और सूजन का कारण बन सकती हैं।
9. आनुवंशिक स्थितियाँ: कुछ आनुवंशिक स्थितियाँ, जैसे कि पारिवारिक एडिनोमेटस पॉलीपोसिस (एफएपी), पॉलीप्स की वृद्धि के कारण पेट के बढ़ने का कारण बन सकती हैं। गैस्ट्रेक्टेसिस के लक्षणों में पेट में दर्द, सूजन, मतली, उल्टी और खाने या पीने में कठिनाई शामिल हो सकती है। उपचार स्थिति के अंतर्निहित कारण पर निर्भर करता है और इसमें दवा, सर्जरी या दोनों का संयोजन शामिल हो सकता है।



